Agra News : मोक्ष प्रदायक है पंचम वेद श्रीमद्भागवत कथा-आचार्य देवकीनंदन ठाकुर
-संस्कार का चमत्कार ही बच्चों को देता है सही दिशा
-बाह स्थित बजरंग आश्रम में हुआ श्रीमद्भागवत कथा का शुभारम्भ
-आचार्य देवकीनन्द ठाकुर ने कथा में प्रथम दिन गौकर्ण व धुंधकारी की कथा का किया वर्णन
मनोहर समाचार, आगरा। बाह के चौरंगा बीहड़ गांव के बजरंग आश्रम में आज श्रीमद्भागलत कथा में प्रथम दिन आचार्य देवकीनंदन ठाकुर ने श्रीमद्भागवत कथा के माहात्मय व गौकर्ण व धुंधकारी की कथा के माध्यम से आज युवा पीढ़ी को संस्कारित करने के लिए अभिभावकों को प्रोत्साहित किया। कहा कि "कोई टोना टोटका नहीं, बल्कि संस्कार ही वह चमत्कार है, जो आपके बच्चों को सही दिशा प्रदान कर सकते हैं।" धर्म की व्याख्या करते हुए कहा कि "धर्म बच्चों को दुर्गुण नहीं, बल्कि सगुण बनाता है।"
समाज व युवाओं को संस्कारित करने की बात करते हुए कहा कि "मैं वो बात नहीं करूंगा जो आपको अच्छी लगे, लेकिन वो बात जरूर करूंगा जो आपके लिए अच्छी होगी, बेशक कड़वी हो।" सूदजी महाराज व सनकादिक ऋषियों के संवाद का वर्णन करते हुए कलयुग के प्रभाव को समझाया। कहा कि "यह कलयुग का प्रभाव है कि आज शिक्षा प्राप्त करने जैसे संस्थान स्कूलों में फिल्मी गानों पर नाच गाना होगा है। विवाह जैसे पवित्र यज्ञ में मदिरा का सेवन हो रहा है। यह हमारे देश का चरित्र नहीं है। डिग्री लेने कोई व्यक्ति पढ़ा लिखा नहीं बन जाता। संस्कार और विचार व्यक्ति को पढ़ा लिखा बनाते हैं। इसलिए बच्चों को पढ़ाइये नहीं, बल्कि संस्कारवान बनाइये।" कथा विश्राम पर आरती कर सभी भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से अरुण चतुर्वेदी, पवन चतुर्वेदी, दीपक शर्मा, कृपाशंकर दीक्षित, अनुपम मिश्रा, वीरेन्द्र चतुर्वेदी, अवधेष, राजेश, नरेश, हरिओम पंकज, पवन, राघव आदि उपस्थित रहे।
सनातन बोर्ड की मांग रखेंगे संसद में सांसद राजकुमार चाहर
कथा में उपस्थित सांसद राजकुमार चाहर ने मंच से घोषणा करते हुए कहा कि "वह आचार्य देवकीनन्दन ठाकुर की मांग (सनातन बोर्ड गठित करने की) को संसद के शून्य काल में उठाएंगे। साथ ही पूरा प्रयास करेंगे कि सनातन बोर्ड का गठन जल्दी से जल्दी किया जाए।" उन्होंने श्रद्धालुओं से 9927300037 नम्बर पर मिस्ड कॉल देकर सनातन बोर्ड का समर्थन करने का आग्रह भी किया। इस पर आचार्य देवकी नन्दन ठाकुर ने कहा कि "उच्च पद पर रहने पर भी जो धर्म की चिन्ता करें और उसके लिए कर्म करें, इससे आने वाली पीढ़िया सुरक्षित रहेगी।"
कलश यात्रा में हजारों की संख्या में सिर पर मंगल कलश लेकर उमड़े श्रद्धालू
कथा प्रारम्भ होने से पूर्व प्रातः लक्ष्मी नारायण यज्ञ व मंगल कलश यात्रा का आयोजन भक्ति भाव के साथ किया गया। कथा स्थल बाह के चौरंगा बीहड़ गांव के बजरंग आश्रम से प्रारम्भ होकर बाह क्षेत्र में भ्रमण करते हुए कलश यात्रा ने कथा स्थल पर ही विराम लिया। जिसमें लगभग दो हजार महिलाएं सिर पर मंगल कलश व श्रीफल के साथ भाग लिया। जगह-जगह कलश यात्रा का पुष्प वर्षा कर स्वागत किया गया। बैंड बाजों संग नाचते गाते भक्तिभाव के साथ कलश यात्रा सम्पन्न हुई। इस अवसर पर मुख्य रूप से रतन देवी, कल्पना, मुथलेश, आरती आदि उपस्थित रहीं।


जय हो
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